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फेसबुकिया बुखार, अस्पताल भी लाचार

munish dixit (Baijnath)

 

सुबह-सुबह आंख खुली तो मोहल्ले में बेहद शोर था, लोग चिल्ला रहे थे, एंबुलेंस का सायरन इस शोर को ओर भयानक बना रहा था। मैं भी आंखे मलते-मलते उठा, पहले सोचा की शायद भूकंप न आया हो, फिर सोचा नहीं मोहल्ले के दो तीन शरारती युवक है, उन्होंने फिर कुछ न कुछ मारपीट की होगी। इन बातों के बीच मैं फिर सोने की ही कोशिश करने लगा। लेकिन मेरे अंदर घुसे खबरची के कीड़े ने मुझे उठा ही दिया। उठते ही कैमरा उठाया और मैं भी पहुंच गया सड़क किनारे। लोगों की भीड़ एक एंबुलेंस को घेरे हुए थी और पास के चार घरों से चार युवकों को स्ट्रेचर में डालकर एंबुलेंस में डाला जा रहा था। यह चारों युवक शरारती एकदम न था, पढ़ाई में अव्वल होने के साथ-साथ कंप्यूटर में मास्टर थे चारों। ऐसे में इनको क्या हो गया। आगे कुछ लोगों से पूछा, तो पता चला कि भारत सहित कई देशों में फेसबुकिया बुखार फैल गया है। यह चारों भी इसकी चपेट में आ गए थे, जैसे परमाणु रेडिएशन बारे पता चल जाता है, वैसे ही इस बुखार बारे भी पता लगाकर इसकी चपेट में आए लोगों क

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