Header ad
Header ad
Header ad

प्रदेश के लिए वाहन प्रशिक्षण स्कूल स्वीकृत: बाली

धर्मशाला, 5 सितम्बर: प्रदेश के लिए 14 करोड़ रुपए की लागत से वाहन प्रशिक्षण स्कूल स्वीकृत किया गया है। यह जानकारी आज यहां परिवहन, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले और तकनीकी शिक्षा मंत्री, श्री जीएस बाली ने एक प्रेस वार्ता में दी। उन्होंने बताया कि बीते दिन उनकी केंद्रीय सड़क परिवहन एवं उच्च मार्ग मंत्री, श्री आस्कर फर्नाडीज के साथ हुई बातचीत में यह मामला प्रदेश के निचले क्षेत्रों के लिए केंद्र सरकार द्वारा स्वीकृत किया गया है।
श्री बाली ने कहा कि केंद्र सरकार ने प्रदेश में राष्ट्रीय उच्च मार्गों पर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध करवाने के लिए 20 रोगी वाहन तथा क्रेन भी केंद्र सरकार द्वारा स्वीकृत किए गए हैं जो संबंधित क्षेत्रीय परिवहन अधिकारियों के नियंत्रण में रहेंगे। उन्होंने बताया कि दुर्घटनाग्रस्त वाहनों को निकालने के लिए के्रनें परिवहन विभाग को मददगार सिद्ध होंगी जबकि रोगी वाहन से दुर्घटनाओं में घायलों को चिकित्सालय तक पहंुचाने में सहायता मिलेगी। उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय उच्च मार्ग-20-ए नगरोटा बगवां से मुबारिकपुर तक क्रेश बैरियर स्थापित करने की मांग को भी केंद्र सरकार ने स्वीकृत कर दिया गया है तथा इसके लिए प्राक्कलन तैयार करके धनराशि केंद्र सरकार द्वारा स्वीकृत कर दी जाएगी।
श्री बाली ने बताया कि प्रदेश को राजस्थान तथा आसाम की तर्ज पर पायलट आधार पर गेप फडिंग के लिए केंद्र सरकार से सहमति प्राप्त हो गई है जिससे प्रदेश के ग्रामीण क्षेत्रों को यातायात की बेहतर सुविधाएं उपलब्ध हो सकेंगी। उन्होंने बताया कि केंद्र सरकार द्वारा प्रदेश में परिवहन नगर स्थापित करने के लिए भी सहमति प्राप्त हो चुकी है जिससे राष्ट्रीय उच्च मार्गों में यात्रियों को बेहतर सुविधाएं प्राप्त हो सकेंगी।
श्री बाली ने बताया कि गरीबी रेखा से ऊपर के उपभोक्ताओं को भी बीपीएल परिवारों की तर्ज पर पिछले तीन वर्षों की तरह खाद्य सामग्री उपलब्ध होती रहेगी। उन्होंने कहा कि एपीएल परिवारों को लेवी चीनी की आपूर्ति भी जारी रहेगी लेकिन उसके भंडारण के लिए सरकारी व निजी भागीदारी से गोदामों का निर्माण किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि प्रदेश के लिए नागरिक आपूर्ति निगम की दुकानों को कम्प्यूटर सेवा से जोड़ने के लिए 19 करोड़ रुपए की लागत से एक परियोजना मुख्य रूप में केंद्र सरकार द्वारा अनुमोदित कर दी गई है जिससे नागरिक आपूर्ति निगम को खाद्य सामग्री की आपूर्ति तथा भंडारण बारे हिसाब-किताब रखने में सुविधा मिलेगी।

Share

About The Author

Related posts

Leave a Reply

 Click this button or press Ctrl+G to toggle between multilang and English

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Please Solve it * *